
कांग्रेस पार्टी की अध्यक्ष सोनिया गांधी ने एक बार फिर लद्दाख में चीनी घुसपैठ को लेकर सरकार से जवाब मांगा है। उन्होंने सरकार से पूछा है कि लद्दाख में जिस जमीन पर चीन ने कब्जा किया है सरकार वह कब और कैसे लेगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी सेना के साथ खड़ी है। सरकार को सेना को पूरी ताकत देनी चाहिए।

वीडियो संदेश में सोनिया गांधी ने कहा, ”आज जब भारत चीन सीमा पर संकट की स्थिति है तो केंद्र सरकार अपनी जिम्मेदारी से पीछे नहीं भाग सकती है। प्रधानमंत्री कहते हैं कि हमारी सीमा में कोई घुसपैठ नहीं हुई है पर दूसरी ओर रक्षामंत्री और विदेश मंत्रालय बड़ी संख्या में चीनी सैनिकों की मौजूदगी और अनेक बार चीनी घुसपैठ की चर्चा करते हैं। हमारी फौज के जरनल, रक्षा एक्सपर्ट और समाचार पत्र सैटेलाइट तस्वीरें दिखाकर चीनी घुसपैठ की पुष्टि कर रहे हैं।”
सोनिया गांधी ने कहा, ”आज जब हम शहीदों को नमन कर रहे हैं तो देश जानना चाहता है कि अगर चीन ने लद्दाख में हमारी जमीन पर कब्जा नहीं किया, जैसा प्रधानमंत्री कहते हैं तो हमारे 20 सैनिकों की शहादत क्यों और कैसे हुई। चीन के सैना द्वारा गुस्ताखी करके लद्दाख इलाके में कब्जा की गई हमारी जमीन को मोदी सरकार कब और कैसे वापस लेगी? क्या चीन द्वारा गलवान घाटी, पैंगोग त्सो इलाके में नए निर्माण, नए बंकर बना हमारी भूभागीय अखंडता का उल्लंघन किया जा रहा है? क्या प्रधानमंत्री इस स्थिति पर देश को विश्वास में लेंगे? आज पूरा देश सेना के साथ खड़ा है। सरकार को चाहिए कि भारतीय सेना को पूरा समर्थन और सहयोग और पूरी ताकत दे। यही सच्ची देशभक्ति है।”

सोनिया ने कहा, ”गलवान घाटी में चीनी घुसपैठ को रोकते हुए हमारे 20 सैनिक वीरगति को प्राप्त हुए। देश उनके बलिदान के लिए सदैव आभारी रहेगा। हमें देश के सैनिकों पर नाज है, देश सुरक्षित क्योंकि हमारी सेना प्राणों की बलि देकर भी देश की हिफाजत करती है। कांग्रेस पार्टी और हर देशवासी सैनिकों के प्रति आदर व्यक्त करते हुए उनके साथ मजबूती से खड़े रहने का संकल्प दोहराती है।”

